मुकुंदरा टनल इस्तेमाल की तो जेब होगी ढीली, सामान्य टोल से अलग देना होगा अतिरिक्त चार्ज

Written by : Sanjay kumar

कोटा, 16 जुलाई। दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर मुकुंदरा हिल्स टाइगर रिजर्व के नीचे बन रही अत्याधुनिक ट्विन टनल से गुजरने वाले वाहन चालकों को सामान्य टोल के अलावा अलग से टनल यूजर चार्ज देना होगा। राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने इसके लिए डिजिटल व्यवस्था तैयार की है, जिसके तहत टनल का उपयोग करने वाले वाहनों की पहचान स्वतः होगी और निर्धारित राशि सीधे फास्टैग खाते से काट ली जाएगी। इससे वाहनों को किसी अतिरिक्त टोल प्लाजा पर रुकने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी और यातायात निर्बाध बना रहेगा।

डिजिटल सिस्टम से होगी निगरानी, सीधे कटेगा शुल्क

एनएचएआई के अनुसार टनल से गुजरने वाले प्रत्येक वाहन की पहचान इलेक्ट्रॉनिक प्रणाली के माध्यम से की जाएगी। वाहन जैसे ही एक्सप्रेसवे के टोल प्लाजा से गुजरेंगे, सिस्टम यह रिकॉर्ड कर लेगा कि वाहन ने टनल का उपयोग किया है या नहीं। इसी आधार पर संबंधित श्रेणी के अनुसार अतिरिक्त टनल यूजर चार्ज स्वतः फास्टैग से वसूला जाएगा।

इन वाहनों के प्रवेश पर रहेगा प्रतिबंध

टनल और मुकुंदरा हिल्स टाइगर रिजर्व की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पेट्रोलियम पदार्थ, गैस, ज्वलनशील सामग्री तथा अन्य खतरनाक रसायनों (हैजर्डस केमिकल) से भरे वाहनों के प्रवेश पर रोक रहेगी। ऐसे वाहनों को वैकल्पिक मार्ग से भेजा जाएगा, ताकि किसी दुर्घटना या रिसाव की स्थिति में टनल और संवेदनशील वन्यजीव क्षेत्र पर कोई प्रतिकूल प्रभाव न पड़े।

गोपालपुरा से चेचट तक एक तरफ का प्रस्तावित यूजर चार्ज

कार – ₹100
लाइट कमर्शियल व्हीकल – ₹160
बस – ₹335
तीन एक्सल वाहन – ₹365
चार से छह एक्सल वाहन – ₹525
सात या उससे अधिक एक्सल वाहन – ₹640

टनल चालू होने के बाद लागू होगी नई व्यवस्था

एनएचएआई के परियोजना निदेशक संदीप अग्रवाल के अनुसार, टनल के संचालन के साथ ही निर्धारित यूजर चार्ज लागू कर दिया जाएगा। विभिन्न श्रेणी के वाहनों के लिए अलग-अलग शुल्क तय किया गया है और इसकी वसूली पूरी तरह डिजिटल माध्यम से होगी।

80 प्रतिशत पूरा हुआ दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे

करीब 1,386 किलोमीटर लंबा दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे देश का सबसे बड़ा एक्सप्रेसवे परियोजना है, जिसका लगभग 80 प्रतिशत निर्माण पूरा हो चुका है। करीब 1.10 लाख करोड़ रुपये की लागत वाली यह परियोजना दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान, मध्य प्रदेश और गुजरात को जोड़ती है। राजस्थान में इसकी कुल लंबाई 373 किलोमीटर है।

मुकुंदरा टनल का अंतिम चरण जारी

कोटा के पास पैकेज-15 में मुकुंदरा हिल्स के नीचे 8.3 किलोमीटर लंबी आठ लेन की ट्विन टनल का निर्माण अंतिम चरण में है। करीब 1,914 करोड़ रुपये की लागत वाली इस परियोजना का लगभग 96 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है। प्रत्येक टनल लगभग 20 मीटर चौड़ी और 11 मीटर ऊंची बनाई जा रही है। वहीं पैकेज-10 में सवाई माधोपुर से बूंदी तक के शेष कार्य को भी निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा करने की तैयारी चल रही है।

यह टनल शुरू होने के बाद कोटा क्षेत्र से गुजरने वाले वाहनों की आवाजाही अधिक तेज, सुरक्षित और सुगम होने की उम्मीद है, हालांकि इसके उपयोग के लिए वाहन चालकों को अतिरिक्त यूजर चार्ज भी चुकाना होगा।

Pramukh Samvad

ताजा खबरों को देखने के लिए प्रमुख संवाद से जुड़े

https://www.pramukhsamvad.com

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!