Written by : प्रमुख संवाद
कोटा, 19 जनवरी। कोटा विश्वविद्यालय और उज्बेकिस्तान स्थित अंतरराष्ट्रीय पर्यटन एवं सांस्कृतिक विरासत विश्वविद्यालय “सिल्क रोड” के बीच शैक्षणिक सहयोग को लेकर एक वर्चुअल बैठक आयोजित की गई।यह बैठक अंतरराष्ट्रीय मामलों के कार्यालय, कोटा विश्वविद्यालय के माध्यम से संपन्न हुई, जिसमें दोनों संस्थानों के बीच भविष्य की अकादमिक साझेदारी को लेकर व्यापक विचार-विमर्श किया गया।
बैठक में दोनों संस्थानों के बीच भविष्य की अकादमिक साझेदारी, वर्ष 2026 की संयुक्त कार्ययोजना तथा विभिन्न सहयोगात्मक पहलों पर विस्तार से चर्चा की गई।बैठक का प्रमुख बिंदु कोटा विश्वविद्यालय में उज्बेक भाषा विभाग की स्थापना रहा।
सिल्क रोड विश्वविद्यालय की ओर से उज्बेकिस्तान के उपकुलपति प्रो. जोसेफ हॉफमैन, डॉ. इरीना कादिरोवा (हेड ऑफ ग्लोबल एजुकेशन एवं इंटरनेशनल टीचर्स एंड स्टूडेंट अफेयर्स), डॉ. मस्तुरा सिदिकोवा (हेड, कल्चरल स्टडीज) ने बैठक में भाग लिया। वहीं कोटा विश्वविद्यालय की ओर से कुलगुरू प्रो. बी.पी. सरस्वत एवं अंतरराष्ट्रीय मामलों के कार्यालय की निदेशक प्रो. डॉ. अनुक्रति शर्मा उपस्थित रहीं।
कोटा विश्वविद्यालय के कुलगुरू प्रो. बी.पी. सरस्वत ने अपने संबोधन में कहा कि “कोटा विश्वविद्यालय वैश्विक स्तर पर अकादमिक सहयोग को निरंतर बढ़ावा दे रहा है। उज्बेकिस्तान की सिल्क रोड यूनिवर्सिटी के साथ प्रस्तावित सहयोग से भाषा, संस्कृति, पर्यटन एवं उच्च शिक्षा के क्षेत्र में नए अवसर सृजित होंगे।
नए एमओयू और छात्रवृत्ति पर सहमति
अंतरराष्ट्रीय मामलों के कार्यालय की निदेशक प्रो. डॉ. अनुक्रति शर्मा ने बताया कि वर्चुअल बैठक के दौरान दोनों पक्षों ने नए समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर करने, छात्रवृत्ति योजनाओं के माध्यम से कोटा विश्वविद्यालय में अंतरराष्ट्रीय छात्रों के नामांकन तथा संयुक्त शैक्षणिक कार्यक्रम शुरू करने पर सहमति व्यक्त की।
यह पहल ऑफिस ऑफ इंटरनेशनल अफेयर्स, कोटा विश्वविद्यालय के माध्यम से की जा रही है, जिसका उद्देश्य विश्वविद्यालय को वैश्विक शिक्षा नेटवर्क से जोड़ना है।
