Written by : प्रमुख संवाद
कोटा, 30 मई।
ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर शनिवार को कोटा जिले के देवली क्षेत्र के दौरे पर रहे। इस दौरान उन्होंने ‘वंदे गंगा जल संरक्षण अभियान’ के अंतर्गत क्षेत्र की विभिन्न ग्राम पंचायतों में चल रहे स्वच्छता कार्यक्रमों और जल संवर्धन गतिविधियों की जमीनी स्तर पर व्यापक समीक्षा की। ऊर्जा मंत्री ने कनवास तहसील के ग्राम कुराड़, ढोटी, देवली, खजूरना, आवां और सावनभादौ सहित क्षेत्र की अन्य ग्राम पंचायतों का दौरा किया। इन सभी स्थानों पर आयोजित विशेष बैठकों और निरीक्षण कार्यक्रमों के तहत उन्होंने जल संरक्षण अभियान की प्रगति को बारीकी से जांचा और गांवों को स्वच्छ व जल-आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से संचालित स्वच्छता कार्यक्रमों की समीक्षा की।
दौरे के दौरान ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर ने स्थानीय जनप्रतिनिधियों, प्रबुद्ध जनों और आम जनता से सीधा संवाद स्थापित किया। उन्होंने ग्रामीणों के अभाव-अभियोग अत्यंत संवेदनशीलता के साथ सुने और मौके पर ही उपस्थित अधिकारियों को उनके त्वरित निराकरण के कड़े निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि आमजन की समस्याओं के समाधान में किसी भी स्तर पर शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी और विकास कार्यों का लाभ समाज के अंतिम छोर पर बैठे व्यक्ति तक पहुंचना सुनिश्चित किया जाए।
ऊर्जा मंत्री ने ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों से संवाद करते हुए जल संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने का पुरजोर आह्वान किया। उन्होंने कहा कि पानी की एक-एक बूंद अमूल्य है, इसलिए हमें ‘वंदे गंगा जल संरक्षण अभियान’ को एक जन-आंदोलन का रूप देना होगा। गांवों को जल-आत्मनिर्भर बनाने के लिए पारंपरिक जल स्रोतों के पुनरुद्धार और वर्षा जल संचयन की तकनीकों को अपनाने पर उन्होंने विशेष जोर दिया। इसके साथ ही उन्होंने गांवों में स्वच्छता बनाए रखने और कचरा प्रबंधन को दुरुस्त करने के लिए भी प्रेरित किया।
ऊर्जा मंत्री नागर ने देवली क्षेत्र में चल रहे विभिन्न विकास कार्यों का भौतिक निरीक्षण किया। उन्होंने जारी निर्माण और विकास कार्यों की गुणवत्ता तथा गति को देखा और संबंधित अधिकारियों को तय समय सीमा के भीतर काम पूरा करने की हिदायत दी। इस अवसर पर स्थानीय प्रशासन के आला अधिकारियों सहित भारी संख्या में ग्रामीण और प्रबुद्ध नागरिक उपस्थित रहे।
